अल्पसंख्यक कल्याण विभाग की समीक्षा बैठक में मदरसों की गुणवत्ता सुधार पर जोर

लखनऊ। प्रदेश के अल्पसंख्यक कल्याण एवं वक्फ मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने शनिवार को विभागीय अधिकारियों के साथ व्यापक समीक्षा बैठक कर योजनाओं की प्रगति, मदरसों की स्थिति और विभिन्न परियोजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा की। बैठक में राज्यमंत्री दानिश आजाद अंसारी भी मौजूद रहे।

बैठक के दौरान मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी योजनाओं को पारदर्शिता और समयबद्धता के साथ लागू किया जाए तथा शिक्षा और विकास कार्यों में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए।

मदरसों के आधुनिकीकरण और गुणवत्ता सुधार पर विशेष जोर देते हुए मंत्री ने कहा कि मदरसों के शिक्षकों और छात्रों को बायोमेट्रिक प्रणाली से जोड़ा जाए। साथ ही शिक्षकों के प्रशिक्षण और मूल्यांकन की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। उन्होंने छात्रों को देश के स्वतंत्रता सेनानियों के बारे में शिक्षित करने पर भी बल दिया।

बैठक में निलंबित मान्यता वाले मदरसों की स्थिति की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि प्रदेश के 560 राज्यानुदानित मदरसों में से 15 मदरसों की मान्यता वर्तमान में निलंबित है। इस पर मंत्री ने निर्देश दिए कि निर्धारित मानकों को जल्द पूरा कराया जाए और छात्रों की पढ़ाई प्रभावित न हो, इसके लिए वैकल्पिक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं।

छात्रवृत्ति योजनाओं की समीक्षा के दौरान बताया गया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में पूर्वदशम और दशमोत्तर छात्रवृत्ति योजनाओं के तहत लगभग 5.89 लाख छात्र-छात्राओं को लाभान्वित किया गया तथा बजट का शत-प्रतिशत उपयोग सुनिश्चित किया गया।

प्रधानमंत्री जन विकास कार्यक्रम के अंतर्गत संचालित परियोजनाओं की समीक्षा में जानकारी दी गई कि वर्तमान में 80 परियोजनाएं निर्माणाधीन हैं, जबकि 36 परियोजनाएं पूर्ण हो चुकी हैं। इनमें डिग्री कॉलेज, औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान, पेयजल योजनाएं, सामुदायिक सेवा केंद्र और अन्य आधारभूत संरचना से जुड़े कार्य शामिल हैं।

इसके अलावा विभाग के अधीन विभिन्न आयोगों, बोर्डों और अधिकरणों में रिक्त पदों पर शीघ्र नियुक्ति करने तथा वक्फ बोर्डों में नए अध्यक्ष और सदस्यों के नामांकन की प्रक्रिया तेज करने के निर्देश भी दिए गए।

मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने अधिकारियों से कहा कि योजनाओं की नियमित निगरानी और परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण सुनिश्चित किया जाए, ताकि लाभार्थियों तक समय पर योजनाओं का लाभ पहुंच सके। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार अल्पसंख्यक समाज के शिक्षा, रोजगार और बुनियादी सुविधाओं के क्षेत्र में समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है।

बैठक में प्रमुख सचिव संयुक्ता समद्दार, उत्तर प्रदेश सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड के मुख्य कार्यपालक अधिकारी मासूम अली सरवर, विशेष सचिव शीलधर सिंह यादव, प्राणेश चंद्र शुक्ला, निदेशक अश्वनी कुमार पांडेय समेत अन्य विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।