लखनऊ। बंथरा थाना क्षेत्र के अमावा जंगल में शुक्रवार सुबह एक युवक का शव संदिग्ध हालात में मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। मृतक की पहचान सहिजनपुर निवासी राजेंद्र रावत (30) पुत्र सुमित रावत के रूप में हुई है।
जानकारी के अनुसार राजेंद्र गुरुवार सुबह करीब नौ बजे घर से यह कहकर निकला था कि वह गांव से लगभग दो किलोमीटर दूर खेत में पानी लगाने जा रहा है। करीब एक घंटे बाद उसकी मां शांति देवी खाना लेकर खेत पहुंचीं, लेकिन वहां राजेंद्र नहीं मिला। ट्यूबवेल मालिक के बेटे से पूछताछ करने पर भी कोई जानकारी नहीं मिली।

परिजनों ने जब राजेंद्र के मोबाइल पर संपर्क करने की कोशिश की तो फोन स्विच ऑफ मिला। देर शाम तक खोजबीन के बावजूद कोई सुराग नहीं मिलने पर परिजन रात करीब आठ बजे हरौनी पुलिस चौकी पहुंचे, जहां से उन्हें बंथरा थाने भेज दिया गया। मृतक के पिता ने रात करीब दस बजे थाने में तहरीर दी, लेकिन गुमशुदगी दर्ज शुक्रवार सुबह की गई।
इसी बीच शुक्रवार सुबह राजेंद्र का बड़ा भाई सुभाष अन्य ग्रामीणों के साथ तलाश करते हुए खेत से करीब 500 मीटर दूर अमावा जंगल पहुंचा, जहां झाड़ियों में राजेंद्र का शव पड़ा मिला। मौके पर युवक की चप्पल, मोबाइल फोन और गमछा गायब थे। वहीं शव को करीब 20 मीटर तक घसीटे जाने के निशान भी मिले हैं। मृतक की पीठ पर खरोंच के कई निशान पाए गए।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने मौके का निरीक्षण कर फॉरेंसिक टीम को बुलाया, जिसने घटनास्थल से अहम साक्ष्य एकत्र किए हैं। परिजनों ने हत्या की आशंका जताई है, हालांकि फिलहाल किसी के खिलाफ नामजद आरोप नहीं लगाया गया है।
परिजनों ने बताया कि मृतक के मौसा, उन्नाव जिले के हसनगंज निवासी संतराम, ने गुरुवार सुबह करीब दस बजे राजेंद्र को फोन किया था। उस दौरान फोन पर रोने जैसी आवाजें आ रही थीं, जिसके बाद कॉल कट गई और फिर मोबाइल बंद हो गया।
राजेंद्र की दो वर्ष पहले मलिहाबाद के सरैया बसरेला निवासी मंजू से शादी हुई थी। उसका एक वर्षीय बेटा रियांस (आयुष) है। परिवार में माता-पिता के अलावा दो भाई और दो विवाहित बहनें हैं। मृतक के पिता के अनुसार राजेंद्र ने गांव के कुछ लोगों के खेत बटाई पर ले रखे थे, जिनमें गेहूं की फसल बोई थी और उसी में पानी लगाने वह घर से निकला था।
फिलहाल पुलिस मामले में हत्या सहित सभी पहलुओं से जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों की पुष्टि हो सकेगी।