लखनऊ। आपदा की किसी भी स्थिति में त्वरित और प्रभावी राहत सुनिश्चित करने की तैयारियों को परखने के लिए अपर पुलिस महानिदेशक पीएसी डॉ. राम कृष्ण स्वर्णकार ने शुक्रवार को राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) का भ्रमण और निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने SDRF की संसाधन क्षमता, प्रशिक्षण स्तर और आधुनिक तकनीकों की विस्तार से जानकारी ली।
निरीक्षण के अवसर पर SDRF के सेनानायक अमित कुमार द्वारा आपदा प्रबंधन से जुड़ी तैयारियों, कार्यप्रणाली और उपलब्ध आधुनिक उपकरणों का विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया गया। SDRF अधिकारियों व कार्मिकों ने अत्याधुनिक उपकरणों का प्रदर्शन करते हुए उनकी उपयोगिता और आपदा के समय प्रभावशीलता के बारे में जानकारी दी।
इस दौरान रिमोट कंट्रोल्ड लाइफ बॉय, CBRN (केमिकल, बायोलॉजिकल, रेडियोलॉजिकल एवं न्यूक्लियर) डिकंटामिनेशन यूनिट, विक्टिम लोकेटिंग कैमरा (VLC) जैसे अत्याधुनिक उपकरणों का डेमो प्रस्तुत किया गया। अधिकारियों ने बताया कि ये उपकरण आपदा की विषम परिस्थितियों में पीड़ितों तक तेजी से पहुंचने और उन्हें सुरक्षित निकालने में बेहद कारगर साबित होते हैं।

इसके अतिरिक्त SDRF टीम द्वारा ध्वस्त इमारतों में रेस्क्यू, बोरवेल रेस्क्यू, रोप रेस्क्यू, खोजी कुत्तों के माध्यम से जीवित व्यक्तियों की तलाश सहित अन्य विशेष आपदा मोचन तकनीकों का सजीव प्रदर्शन किया गया। इन प्रदर्शनों के जरिए SDRF की त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता, तकनीकी दक्षता और समन्वित कार्यशैली को दर्शाया गया।
निरीक्षण के बाद एडीजी पीएसी डॉ. राम कृष्ण स्वर्णकार ने SDRF के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि बल का प्रशिक्षण स्तर और संसाधन क्षमता सराहनीय है। उन्होंने भविष्य में भी निरंतर प्रशिक्षण, तकनीकी उन्नयन और आधुनिक उपकरणों के बेहतर उपयोग पर जोर देने के निर्देश दिए।
इस अवसर पर महानिरीक्षक मुख्यालय, पुलिस उप महानिरीक्षक (पीएसी अनुभाग) सहित विभिन्न सेनानायक भी मौजूद रहे। SDRF द्वारा आमजन की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए आपदा की हर स्थिति में तत्परता से अपने दायित्वों का निर्वहन किया जा रहा है।


लखनऊ से दिव्यांशु त्रिपाठी की रिपोर्ट