पांच वर्षीय यासिर रफ़ात का नाम इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स 2026 में दर्ज, मोहनलालगंज का बढ़ाया मान

लखनऊ। मोहनलालगंज क्षेत्र के लिए गर्व की बात है कि यहां स्थित सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) मुख्यालय में तैनात सैनिक राहुल शेख़ एवं तौहीदा बेगम के पांच वर्षीय पुत्र यासिर रफ़ात ने अपनी विलक्षण प्रतिभा के बल पर इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स 2026 में अपना नाम दर्ज कराया है।

महज पांच वर्ष की उम्र में यासिर रफ़ात की बौद्धिक क्षमता असाधारण है। वह दुनिया के देशों के नाम, उनकी भौगोलिक स्थिति, राष्ट्रीय ध्वज और मानचित्रों की सटीक जानकारी न केवल याद रखता है, बल्कि उन्हें बेहद सहज और सरल भाषा में समझाने की अद्भुत क्षमता भी रखता है। उसकी यह प्रतिभा देखकर हर कोई आश्चर्यचकित है।

इतना ही नहीं, यासिर ने ब्रह्मांड की उत्पत्ति को लेकर अपना स्वयं का एक सिद्धांत भी प्रस्तुत किया है, जिसने विद्वानों और विशेषज्ञों को भी सोचने पर मजबूर कर दिया है। उसकी प्रतिभा को देखते हुए उसे भविष्य का महान वैज्ञानिक और विचारक माना जा रहा है।

वर्तमान में यासिर के माता-पिता सीमा सुरक्षा बल लखनऊ की 86वीं वाहिनी में तैनात हैं। यासिर की इस उपलब्धि से न केवल उसके परिवार, बल्कि पूरे मोहनलालगंज क्षेत्र में खुशी और गर्व का माहौल है।