लखनऊ। गोरखपुर महोत्सव-2026 के तहत 11 से 13 जनवरी 2026 तक गोरखपुर के इतिहास और वंदे मातरम् से जुड़े दुर्लभ अभिलेखों की प्रदर्शनी आयोजित की जा रही है। यह प्रदर्शनी उत्तर प्रदेश राजकीय अभिलेखागार और संस्कृति विभाग द्वारा चंपा देवी पार्क, रामगढ़ ताल, गोरखपुर में लगाई गई है।
प्रदर्शनी में गोरखपुर और आसपास के क्षेत्र के स्वतंत्रता संग्राम से जुड़े कई महत्वपूर्ण और दुर्लभ अभिलेख आमजन के लिए प्रदर्शित किए गए हैं। इसमें गुरु गोरखनाथ से संबंधित प्राचीन पांडुलिपि, 1857 की क्रांति से जुड़ा मयूटिनी नैरेटिव, क्रांतिकारी बंधू सिंह का चित्र व विवरण शामिल है।
इसके साथ ही जनपद गोरखपुर क्षेत्र के क्रांतिकारियों की सूची, चौरी-चौरा आंदोलन से जुड़े अभिलेख, काकोरी कांड के क्रांतिकारियों का विवरण और उनकी गिरफ्तारी की तिथियां भी प्रदर्शनी का हिस्सा हैं। गोरखपुर जेल से संबंधित अभिलेख भी प्रदर्शित किए गए हैं, जहां पंडित राम प्रसाद बिस्मिल को फांसी की सजा दी गई थी।

प्रदर्शनी में 1942 के आंदोलन के दौरान देवरिया कचहरी पर राष्ट्रीय ध्वज फहराने वाले क्रांतिकारी रामचंद्र और सोना विद्यार्थी से जुड़े दस्तावेज भी रखे गए हैं। इसके अलावा गोरखपुर के ऐतिहासिक और पर्यटन स्थलों तथा वंदे मातरम् के इतिहास से जुड़े अभिलेखों को भी दर्शाया गया है।
आयोजकों के अनुसार इस प्रदर्शनी का उद्देश्य नई पीढ़ी को देश के स्वतंत्रता संग्राम और गोरखपुर के गौरवशाली इतिहास से परिचित कराना है।