मोहनलालगंज में ‘हेल्पलेस’ बनी बिजली विभाग की हेल्पडेस्क, 300 से ज्यादा शिकायतें लंबित, उपभोक्ता परेशान

लखनऊ। मोहनलालगंज में वर्टिकल सिस्टम लागू होने के बाद उपभोक्ताओं की परेशानी कम करने के उद्देश्य से खोली गई बिजली विभाग की हेल्पडेस्क अधिकारियों की लापरवाही के चलते खुद ही हेल्पलेस साबित हो रही है। स्थिति यह है कि दिसंबर और जनवरी माह में दर्ज कराई गई 300 से अधिक शिकायतों के निराकरण की स्थिति तक उपभोक्ताओं को नहीं बताई जा रही है।

शिकायत दर्ज कराने के बावजूद पीड़ित उपभोक्ताओं को मामूली समस्याओं के समाधान के लिए भी लगभग 50 किलोमीटर दूर इंद्रलोक कॉलोनी स्थित कार्यालय के चक्कर काटने पड़ रहे हैं, जिससे हेल्पडेस्क की उपयोगिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं।

ग्रामीण उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए मोहनलालगंज न्यू सबस्टेशन परिसर में हेल्पडेस्क खोली गई है, लेकिन यहां शिकायतें केवल दर्ज होकर रह जा रही हैं।

समेसी निवासी अजय कुमार और गोसाईंगंज के नरेन्द्र हर्ष गुप्ता ने अपने बिजली कनेक्शन का लोड बढ़ाने के लिए हेल्पडेस्क पर आवेदन किया था, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं हो सका।

इसी तरह समेसी के लायकराम, मोहनलालगंज के दिलीप और समेसी के रामपाल ने भी लोड बढ़ाने को लेकर शिकायत दर्ज कराई, लेकिन उपभोक्ताओं का कहना है कि न तो समस्या का समाधान हुआ और न ही किसी अधिकारी ने उनसे संपर्क किया।

मीटर खराबी को लेकर मोहनलालगंज के शम्भू, धर्मेन्द्र सिंह और हरिकेश ने हेल्पडेस्क पर शिकायत की, लेकिन महीनों बीतने के बाद भी मीटर नहीं बदले गए। वहीं कमलेश और मनोज कुमार ने विधा परिवर्तन के लिए आवेदन किया, जो अब तक लंबित है।

उपभोक्ताओं का आरोप है कि हेल्पडेस्क के कर्मचारी शिकायतों को 1912 पोर्टल पर दर्ज कर संबंधित एसडीओ को भेज देने का दावा तो करते हैं, लेकिन शिकायत पर हुई कार्रवाई की कोई जानकारी उपभोक्ताओं को नहीं दी जाती।

नए बिजली कनेक्शन और बिल संबंधी गड़बड़ियों के लिए भी उपभोक्ताओं को मजबूरी में इंद्रलोक कॉलोनी जाना पड़ रहा है।